गुरुग्राम | 15 फरवरी 2026
शहर की पॉश सोसाइटी में विश्वास की दीवार अचानक दरक गई। थाना सेक्टर-65 क्षेत्र में एक परिवार के घर से लाखों के सोने-चांदी के आभूषण और नकदी चोरी होने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। चौंकाने वाली बात यह रही कि चोरी का आरोप उसी महिला पर लगा, जो पिछले करीब तीन साल से घर में सहायिका के रूप में काम कर रही थी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है।
परिवार बाहर गया, घर के भीतर खेल हो गया
शिकायतकर्ता ने 13 फरवरी 2026 को थाना सेक्टर-65 में लिखित शिकायत दी। शिकायत के अनुसार जनवरी और फरवरी के दौरान परिवार जरूरी काम से घर से बाहर गया हुआ था। इसी बीच घर में काम करने वाली सहायिका ने मौके का फायदा उठाया और अलमारी में रखे सोने-चांदी के आभूषण व नकदी पर हाथ साफ कर दिया। परिवार के लौटने पर जब सामान की जांच की गई तो चोरी का पता चला।

पुलिस ने तुरंत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। टीम ने सोसाइटी और आसपास के इलाकों में तकनीकी व स्थानीय इनपुट जुटाए।
मार्बेला सोसाइटी से गिरफ्तारी
जांच के दौरान पुलिस को अहम सुराग मिले और 14 फरवरी को मार्बेला सोसाइटी से आरोपी महिला को काबू कर लिया गया। उसकी पहचान शकुंतला (50 वर्ष) निवासी गांव बाघका, जिला भरतपुर (राजस्थान) के रूप में हुई। पूछताछ में सामने आया कि वह पिछले लगभग तीन वर्षों से शिकायतकर्ता के घर पर काम कर रही थी और घर के रूटीन, अलमारी और कीमती सामान की जानकारी उसे भलीभांति थी।
ससुराल में छुपाया चोरी का माल
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि जब मालिक और उनका परिवार घर पर मौजूद नहीं था, तब उसने चोरी की वारदात को अंजाम दिया। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, चोरी किए गए आभूषण और नकदी को आरोपी ने अपने ससुराल, गांव बाघका (जिला भरतपुर) में छिपाकर रखा है। बरामदगी के लिए पुलिस टीमें जुटी हुई हैं।
अदालत से 2 दिन का रिमांड
गिरफ्तारी के बाद आरोपी को अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस का कहना है कि रिमांड के दौरान गहन पूछताछ कर चोरी गए सामान की पूरी बरामदगी की जाएगी और यह भी जांचा जाएगा कि क्या आरोपी पहले भी ऐसी वारदातों में शामिल रही है।
पुलिस की अपील
गुरुग्राम पुलिस ने आमजन से अपील की है कि घर में काम करने वाले सहायकों या नौकरों को रखने से पहले उनका पुलिस सत्यापन अवश्य कराएं। कई मामलों में लंबे समय से काम कर रहे घरेलू सहायकों द्वारा विश्वास का दुरुपयोग करने की घटनाएं सामने आई हैं।
इस घटना ने एक बार फिर सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या शहरी जीवन की भागदौड़ में हम भरोसे की चाबी बहुत आसानी से सौंप देते हैं? फिलहाल, पुलिस मामले की जांच में जुटी है और बरामदगी के बाद ही चोरी की वास्तविक रकम और आभूषणों की कीमत स्पष्ट हो सकेगी।
मामला अनुसंधानाधीन है, लेकिन सेक्टर-65 की इस वारदात ने पूरे इलाके में हलचल जरूर मचा दी है।



