कहासुनी के बाद हेलमेट के वार कर उतारा था मौत के घाट
पहले से ही दर्ज थे अपराधिक मामले
ताऊ के लड़के के नाम से रह रहा था आरोपी
Bilkul Sateek News
गुरुग्राम, 22 मार्च। यहां की एक अदालत ने एक हत्यारोपी को उम्रकैद की सजा सुनाई है। अदालत ने साथ पर जुर्माना भी लगाया है। हत्यारे ने खुद ही फोन कर बताया था कि तुम्हारे पति की हत्या कर लाश झाड़ियों में फेंक दी है। उत्तर प्रदेश निवासी हत्यारा अपने ताऊ के लड़के के नाम से यहां रह रहा था। उसपर पहले से कई अपराधिक मामले दर्ज थे।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार हत्याकांड को नवंबर 2021 को अंजाम दिया गया था। सेक्टर-10ए थाना पुलिस को 11 नवंबर को सूचना मिली थी कि सेक्टर-37सी में खाली जगह में झाड़ियों में एक लाश है। मौके पर पहुंची सिर से खून निकली हुई लाश मिली। पुलिस ने सीन ऑफ क्राइम, एफ.एस.एल. और फिंगर प्रिंट टीमों से घटनास्थल का निरीक्षण करवाया।
इसी दौरान झज्जर जिले के थाना आसौदा के गांव खरहर निवासी रणबीर के 38 वर्षीय पुत्र सोमबीर ने एक लिखित शिकायत पुलिस को दी थी। शिकायत में बताया गया था कि उसका गांव गाडोली में दिशा इंटरप्राइजेज के नाम से मेडिकल स्टोर है और वह आयुर्वेदिक दवाइयों की आपूर्ति का काम भी करता है। शिकायत में बतया गया कि उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले के गांव सिमाना उर्फ रामराज मिसनपुर निवासी हरबीर का 45 वर्षीय पुत्र अशोक कुमार उसके पास दवाई आपूर्ति का काम कर रहा था। 10 नवंबर को शाम 6 बजे अशोक दुकान पर काम करने वाले मुकुल क स्कूटी लेकर चला गया। अशोक रात लगभग 11.30 लौटा और कहने लगा का की कमरा बदल रहा हूं। इसलिए गाड़ी की जरूरत है। मैंने उसे गाड़ी देने से मना कर दिया। अशोक स्कूटी लेकर वापस चला गया। उसके बाद देररात 1.12 मिटन पर मोबाइल एक कॉल आया। कॉल उठाने पर दूसरी तरफ से एक आवाज आई और कहा कि मैं अरुण कुमार सिंह गांव चापर जिला समस्तीपुर बिहार की पत्नी रिंकी बोल रही हूं। आपके पास काम करने वाले अशोक का फोन उसके पास आया था। जिसमें उसने कहा कि उसने पत्थर मारकर उसके पति अरुण कुमार को जान से मार दिया है, क्योंकि अरुण कुमार गाली-गलौच करके झगड़ा कर रहा था। शिकायत में आगे बताया गया कि वह उस समय नींद में था फिर सुबह उसी नंबर पर उसने बात की। वहां से उसे बताया गया कि वह अपने पति अरुण कुमार और अशोक के साथ एक ही कमरे में सरस्वती इन्कलेव गुरुग्राम मे रहते हैं। और वह करीब 5-6 दिन पहले अपने गांव बिहार आ गई थी। आज सुबह अशोक कुमार ने उसको फोन पर बताया कि उसने उसके पति को पत्थर मार-मार कर मार दिया और सेक्टर-37 की झाड़ियों में फेंक दिया है।
शिकायत के आधार पर थाना सेक्टर-10ए में मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने इस मामले में 14 नवंबर को आरोपी को बिजनौर, उत्तर-प्रदेश से गिरफ्तार किया था। आरोपी की पहचान संदीप उर्फ पिंटू पुत्र ओमबीर निवासी गांव समाना उर्फ रामराज मीरनपुर जिला मुजफ्फरनगर (उत्तर-प्रदेश) हाल निवासी गांव करहेड़ा थाना भोपा जिला मुजफ्फरनगर (उत्तर-प्रदेश) के रूप में हुई थी।
पुलिस पूछताछ में पता चला कि अरुण कुमार सिंह के साथ उसने शराब पी थी, इसी दौरान अरुण ने उसको (आरोपी) को गंदी गालियां दी तो उहैलमेट से अरुण के सिर में चोंटे मारी और उसका गला दबा दिया, जिसके कारण वह बेहोश हो गया। उसके बाद यह वहां से स्कूटी लेकर भाग गया। कुछ समय बाद वह अरुण को देखने गया कि वह मर गया है या जिंदा है। जब वह वहां पहुंचा तो अरुण हिलता हुआ दिखाई दिया। उसके बाद उसने अरुण के सिर में पत्थरों से चोटें मारी और जब तक वह मर नहीं गया वहीं रहा और उसके बाद स्कूटी पर सवार होकर वहां से चला गया।
आरोपी से पुलिस पूछताछ में यह पता चला कि उसके खिलाफ मुजफ्फरनगर, उत्तर-प्रदेश में गिरोहबंदी (गुंडा एक्ट) और चोरी के दर्जनों मामले दर्ज थे और वह वर्ष 2015 से 4 साल तक जेल में भी रहा था। अपना पुराना अपराधिक रिकार्ड छुपाने के लिए संदीप ने अपने ताऊ के लड़के अशोक निवासी मुजफ्फरनगर का डीएल व आधार कार्ड उसको बिना बताए ले आया था और उसी की सहायता से वह अशोक बनकर गुरुग्राम में रह रहा था।
गुरुग्राम पुलिस मामले की तफ्तीश बहुत ही गहनता से की और सभी आवश्यक साक्ष्य व गवाह एकत्र कर अदालत में पेश किए थे। गुरुग्राम पुलिस ने अदालत में चार्जशीट भी दाखिल की थी।
अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश जगदीप सिंह की अदालत ने शुक्रवार को इस मामले में पुलिस द्वारा दिए गए साक्ष्यों व गवाहों के आधार पर आरोपी को दोषी करार दिया। अदालत ने संदीप को धारा 302 आईपीसी के तहत उम्र कैद व 20 हजार रुपये जुर्माना, धारा 201 आईपीसी के तहत 3 वर्ष कैद (कठोर कारावास) व 10 हजार रुपये जुर्माना तथा धारा 419 के तहत 2 वर्ष कैद (कठोर कारावास) व 5 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।




