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चार विदेशी पिस्टल और 8 कारतूस बरामद
अमेरिका में दो हत्याओं और एक जानलेवा हमले में संलिप्त रहे हैं आरोपी
USA में बनवारी गोदारा की हत्या के बाद भारत लौटे थे गैंग के सदस्य
भारत में बैठकर हरियाणा-दिल्ली समेत कई राज्यों में लोगों से मांगते थे रंगदारी
मामले की जानकारी इंटरपोल और अमेरिकी एजेंसियों को भेजेगी STF
Bilkul Sateek News
गुरुग्राम/करनाल, 15 जनवरी। हरियाणा में संगठित अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) करनाल को बड़ी सफलता हाथ लगी है। एसटीएफ ने अंतरराष्ट्रीय आपराधिक नेटवर्क से जुड़े रोहित गोदारा गोल्डी बराड़ गिरोह के चार सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से चार विदेशी निर्मित पिस्टल और आठ जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं।
दरअसल एसटीएफ करनाल ने करनाल क्षेत्र से कैथल जिले के गांव मुंदड़ी के रहने वाले रमन और लोकेश को उस समय गिरफ्तार किया, जब वे एक बुलेटप्रूफ वाहन में घूम रहे थे। इसके बाद 14 जनवरी को इसी मामले में वांछित शेष आरोपी बलराज उर्फ बलराम और रविंदर सिंह उर्फ रवि को कैथल जिले के थाना पुंडरी के क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया। जांच में सामने आया है कि सभी आरोपी लॉरेंस बिश्नोई गिरोह से जुड़े नेटवर्क के लिए भी काम कर चुके हैं।
एसटीएफ आईजी सतीश बालन ने बताया कि एसटीएफ की पूछताछ में खुलासा हुआ है कि आरोपी अमेरिका में रहते हुए गंभीर संगठित आपराधिक गतिविधियों में शामिल थे। 23 दिसंबर 2024 को स्टॉकटन, कैलिफोर्निया में गैंगस्टर सुनील यादव उर्फ गोलिया की हत्या में उनकी भूमिका सामने आई है, जिसकी जिम्मेदारी सोशल मीडिया पर ली गई थी। इसके अलावा 18 अक्टूबर 2025 को फ्रेज़नो, कैलिफोर्निया में कुख्यात गैंगस्टर हैरी बॉक्सर पर हुए जानलेवा हमले की साजिश में भी आरोपियों की संलिप्तता पाई गई है। इस हमले में बनवारी गोदारा की मौके पर ही मौत हो गई थी।
उन्होंने बताया कि जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी विदेश से बैठकर हरियाणा, दिल्ली, पंजाब और राजस्थान में जबरन वसूली का रैकेट चला रहे थे और रंगदारी न देने पर फायरिंग जैसी वारदातों को अंजाम देते थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए इंटरपोल और अमेरिका की संबंधित एजेंसियों को औपचारिक सूचना देकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर समन्वय किया जाएगा।



