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नूंह, 23 जनवरी। नशा मुक्ति टीम ने डोर टू डोर अभियान के दौरान गांव नोंटकी (नगीना) नूंह में ग्रामीणों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक किया।
एसपी नूंह राजेश कुमार आईपीएस के कुशल निर्देशन में “नशा मुक्त भारत–सुरक्षित भारत” संकल्प के साथ विभिन्न स्तर पर जागरूकता अभियान निरंतर जारी है। उन्होंने ग्रामीणों को “जिंदगी को हां, नशे को ना” अभियान से जुड़ने का आह्वान किया। नशा गतिविधियों की सूचना MANAS हेल्पलाइन नंबर 1933 पर की जा सकती है।
टीम ने यातायात नियमों व साइबर अपराधों के बारे में भी जागरूक किया तथा साइबर राष्ट्रीय हेल्पलाइन नंबर 1930 के महत्व की जानकारी भी साँझा किया।
पुलिस प्रवक्ता कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार एसपी नूंह राजेश कुमार के कुशल निर्देशन में “नशा मुक्त भारत” अभियान अंतर्गत नूंह पुलिस द्वारा नशा मुक्ति और समाजिक जागरूकता की दिशा में निरंतर प्रयास जारी हैं तथा जिला को नशामुक्त बनाने में जुटी है । उप-पुलिस अधीक्षक तावडू अभिमन्यु लोहान के नेतृत्व में गठित की गई नशा मुक्ति टीम ने डोर टू डोर अभियान दौरान गांव नोंटकी (नगीना), नूंह में सर्वे कर ग्रामीणों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक किया गया ।
इस अवसर पर नशा मुक्ति टीम ने कहा—नशा व्यक्ति के शरीर, परिवार और समाज तीनों का सबसे बड़ा शत्रु है । यह न केवल स्वास्थ्य को बर्बाद करता है, बल्कि युवाओं का भविष्य भी अंधकारमय कर देता है। आप सभी देश का भविष्य हो। पढ़ाई, खेल और अपने सपनों में ध्यान लगाओ, नशे जैसी बुरी आदतों से हमेशा दूर रहो। अगर गांव या आस-पास कोई भी संदिग्ध गतिविधि दिखे तो तुरंत पुलिस को जानकारी दें ।
नशा मुक्ति टीम ने कहा कि—“नशा शरीर ही नहीं, बल्कि जीवन और समाज के लिए भी जहर है । नशामुक्त और स्वस्थ रहना ही देश की सुरक्षा व प्रगति की गारंटी है।”
उन्होंने ग्रामीणों को “Say Yes to Life, No to Drugs” अभियान से जुड़ने का आह्वान किया व सभी को नशामुक्त भारत बनाने में योगदान देने के लिए प्रेरित किया।
इसके साथ ही नशा मुक्ति टीम ने ग्रामीणों को साइबर अपराध के खतरों से भी अवगत कराया। उन्होंने बताया कि आजकल अपराधी फोन कॉल, सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से व्यक्तिगत जानकारी जैसे OTP, पासवर्ड आदि हासिल करने की कोशिश करते हैं। ऐसे में सभी को सतर्क रहना चाहिए और किसी भी अनजान व्यक्ति से अपनी निजी जानकारी साझा नहीं करनी चाहिए। किसी भी साइबर ठगी होने पर साइबर राष्ट्रीय हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें आपकी गोल्डन ऑवर में दी गईं शिकायत पर ठगी के खातों में जाने से पहले उन्हें फ्रीज कराया जा सकता है।
इस दौरान ग्रामीणों को यातायात नियमों की भी जानकारी दी और कहा कि सड़क पर वाहन चलाते समय नियमों का पालन करना जरूरी है। हेलमेट, सीट बेल्ट का प्रयोग और यातायात संकेतों का पालन हमारी सुरक्षा के लिए अनिवार्य है ।
उप-पुलिस अधीक्षक तावडू अभिमन्यु लोहान ने अपील करते हुए कहा कि यदि कोई भी असामाजिक तत्व, संदिग्ध व्यक्ति या वाहन दिखाई दे या किसी भी आपातकालीन स्थिति में तुरंत डायल 112 पर इसकी सूचना दें। उन्होंने कहा कि यदि आपके संज्ञान में कोई व्यक्ति नशा करता है या नशा बेचता है तो उसकी सूचना तुरंत पुलिस थाना में दें । इसके अलावा नशा गतिविधियों की सूचना MANAS हेल्पलाइन नंबर 1933 पर करें। सूचना देने वाले का नाम गुप्त रखा जाएगा।
ग्रामीणों ने इस पहल का स्वागत किया और साथ मिलकर “नशा मुक्त भारत – सुरक्षित भारत” का संकल्प लिया। अंत में सभी ग्रामीणों ने नशा और साइबर अपराधों से दूर रहने की शपथ ली ।



