Bilkul Sateek News
फरीदाबाद (अजय वर्मा), 1 फरवरी। फरीदाबाद में एनआईटी 3 नंबर के ईएसआई मेडिकल कॉलेज में कार्यरत लगभग 82 स्वास्थ्य सुरक्षाकर्मियों को रात के वक्त अचानक एक व्हाट्सऐप मैसेज आया, जिसे देख उनके होश उड़ गए। उस मैसेज में उनकी सेवाओं को तत्काल से खत्म किए जाने की सूचना थी। जिसके बाद कोरोना काल में भी अपनी जान को जोखिम डाल कर मरीजों के लिए अस्पताल में जमे रहने वाले स्वास्थ्य सुरक्षाकर्मी आज सड़कों पर उतर आए और प्रदर्शन करते हुए अपनी सेवा बहाली की मांग पुरजोर तरीके से उठाने लगे।
आपको बता दें कि कल रात करीब 82 सुरक्षा गार्ड्स को व्हाट्सऐप पर मैसेज करके नौकरी पर ना आने के लिए कहा गया था। जिसको लेकर आज रविवार सुबह व्हाट्सऐप मैसेज द्वारा नौकरी से निकाले गए सुरक्षा गार्डों ने इकट्ठा होकर ईएसआई मेडिकल कॉलेज के बाहर जोरदार नारेबाजी की और नारेबाजी करते हुए बताया कि उन्हें नौकरी से हटाने का कोई भी ऑफिशियल नोटिस नहीं दिया गया है और केवल व्हाट्सऐप पर मैसेज करके काम पर नहीं आने के लिए कहा गया है। उन्होंने कहा कि जबसे ईएसआई मेडिकल कॉलेज की जब से शुरुआत हुई है, तब से वह लोग यहां पर काम कर रहे हैं और कोरोना काल में भी उन्होंने अपनी जान को खतरे में डालकर यहां नौकरी की है। जिसके लिए उन्हें पूर्व के डीन द्वारा सम्मानित भी किया गया था और कहा गया था कि जब तक ईएसआई मेडिकल कॉलेज रहेगा, तब तक उनकी नौकरी सुरक्षित रहेगी, लेकिन बीती शाम को करीब 7.30 बजे जिस तरह से एक मैसेज आया कि उन्हें आज से नौकरी पर नहीं आना है, जिसको लेकर अब उन्हें चिंता सता रही है क्या वह अपने परिवार का गुजारा कैसे चलाएंगे। उन्होंने कहा कि अब हालात ऐसे हैं कि वह कहीं और नौकरी भी नहीं कर सकते हैं। ऐसे में उनके पास आत्मदाह करने के अलावा और कोई रास्ता नहीं रहता। वहीं, जब तक उनको नौकरी पर नहीं रखा जाता तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।



