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Reporter: Pardeep Narula
Author: Pardeep Narula
दिल्ली में नए वाहन प्रतिबंध से पहले गुरुग्राम ट्रैफिक पुलिस अलर्ट, 5 रास्तों पर चेकिंग
गुरुग्राम, 31 अक्टूबर। दिल्ली में 1 नवंबर से नए वाहन प्रतिबंध लागू होने जा रहे हैं। इसे देखते हुए गुरुग्राम ट्रैफिक पुलिस ने भी अपनी तैयारी तेज कर दी है। दिल्ली जाने वाले पांच प्रमुख रास्तों पर विशेष चेकिंग अभियान चलाया जाएगा। यहां पुलिस की टीमें गाड़ियों का BS-VI स्टैंडर्ड, रजिस्ट्रेशन डिटेल्स और वैलिड PUC सर्टिफिकेट चेक करेंगी। साथ ही, वाहन चालकों को नए नियमों की जानकारी भी दी जाएगी, ताकि दिल्ली में एंट्री के दौरान उन्हें परेशानी न हो।

इन 5 रास्तों पर होगी चेकिंग: गुरुग्राम ट्रैफिक पुलिस ने दिल्ली की ओर जाने वाले पांच प्रमुख रास्तों पर पुलिस टीमें तैनात करने की तैयारी की है। इनमें आया नगर, ग्वाल पहाड़ी, सिरहौल टोल, बजघेड़ा और कापसहेड़ा शामिल हैं।
इन जगहों पर दिल्ली जाने वाली गाड़ियों की जांच की जाएगी। पुलिस गाड़ी का BS-VI स्टैंडर्ड, रजिस्ट्रेशन डिटेल्स और वैलिड PUC सर्टिफिकेट चेक करेगी। खास तौर पर दूसरे राज्यों में रजिस्टर्ड कमर्शियल गाड़ियों, ट्रकों और बसों पर लागू नियमों के अनुसार जांच की जाएगी।
1 नवंबर से लागू होंगे नए नियम: दिल्ली में प्रदूषण कम करने के लिए 1 नवंबर 2026 से BS-VI से नीचे के स्टैंडर्ड वाली पेट्रोल और डीजल गाड़ियों की एंट्री और संचालन पर रोक लागू होगी।
इसके अलावा, 1 नवंबर 2026 से 31 जनवरी 2027 तक दूसरे राज्यों में रजिस्टर्ड ट्रकों और अन्य गाड़ियों की दिल्ली में एंट्री को लेकर भी प्रतिबंध लागू रहेंगे। नियमों के तहत BS-VI, CNG और इलेक्ट्रिक गाड़ियों को निर्धारित छूट दी गई है। दिल्ली में एंट्री के लिए गाड़ी का वैलिड PUC सर्टिफिकेट होना भी जरूरी है।
दिल्ली जाने से पहले चेक कर लें ये जरूरी चीजें: गुरुग्राम ट्रैफिक पुलिस ने वाहन चालकों और ट्रांसपोर्टरों से अपील की है कि दिल्ली जाने से पहले अपनी गाड़ी का BS स्टैंडर्ड, रजिस्ट्रेशन डिटेल्स और PUC सर्टिफिकेट की वैधता जरूर चेक कर लें।
प्रतिबंधित कैटेगरी में आने वाली गाड़ियां दिल्ली की ओर न जाएं। वहीं, जिन मालवाहक गाड़ियों का दिल्ली में कोई काम नहीं है, वे दूसरे रास्तों का इस्तेमाल करें।
पुलिस के मुताबिक, नियमों का पालन करने से वाहन चालकों को रास्ते में होने वाली परेशानी से बचने में मदद मिलेगी। साथ ही, प्रदूषण कम करने और साफ हवा बनाए रखने की कोशिशों में भी योगदान मिलेगा।




