Bilkul Sateek News
फरीदाबाद (अजय वर्मा), 5 सितंबर। फरीदाबाद के यमुना के तटबंध से सटे गांव ददसिया में पुश्ते के किनारे तक बाढ़ का पानी आ गया है। जिससे यहां पर बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। फरीदाबाद जिला प्रशासन के बाढ़ के अलर्ट के बाद बिलकुल सटीक न्यूज ने यमुना किनारे बसे गांवों का जायजा लिया जहां पर बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है।
बिलकुल सटीक न्यूज ने यमुना किनारे के गांव ददसिया का जायजा लिया और बढ़ रहे यमुना के जलस्तर से नुकसान का आंकलन किया, इसमें देखने पर पता चला कि यमुना का पानी खतरनाक स्तर पर चल रहा है। जिससे की डूब क्षेत्र में होने वाली खेती पूरी तरह से बर्बाद हो गई है, खेती करने वाले लोग दरबदर की ठोकरें खाने के लिए मजबूर हो गए हैं, ना खाने की सुविधा और ना ही रहने का ठिकाना।
यमुना के तटबंध से सटे गांव किडावली में भी पुश्ते के किनारे तक बाढ़ का पानी आ गया है। यहां पर यमुना के पानी की सीधी टक्कर से पुश्ते के टूटने का खतरा बना हुआ है। जिला प्रशासन ने बड़े-बड़े पत्थरों से ठोकर बनाई है और लगातार जेसीबी की मदद से यमुना के किनारे को मजबूत किया जा रहा है। फिर भी खतरा बना हुआ। फरीदाबाद जिला प्रशासन के बाढ़ के अलर्ट के बात यमुना किनारे के गांव किडावली का जायजा लिया और बढ़ रहे यमुना के जलस्तर से नुकसान का आंकलन किया, इसमें देखने पर पता चला की यमुना का पानी खतरनाक स्तर पर चल रहा है, जिससे यमुना के पानी की सीधी टक्कर से पुश्ते के टूटने का खतरा बना हुआ है। जिसके चलते जिला प्रशासन ने अपनी पूरी ताकत से इस जगह को सुरक्षित करने के लिए बड़े-बड़े पत्थरों को यमुना किनारे गिराना शुरू कर दिया है, ताकि किसी भी तरह की दुर्घटना ना हो सके। इसी के चलते हमने यहां के स्थानीय लोगों और किडावली गांव के सरपंच कहर सिंह से यहां के हालात और प्रशासन की ओर से किए जा रहे कामों के प्रति जाना तो उन्होंने बताया की प्रशासन का काम बहुत बेहतरीन चल रहा है, अगर यहां के पुश्ते में कुछ गड़बड़ होती है तो यहां रहने वाली 40 से 50 हजार आबादी प्रभावित होगी।
उधर, यमुना के तटबंध से सटे गांव महावतपुर में पुश्ते के किनारे तक बाढ़ का पानी आ गया है और हजारों एकड़ फसल जलमग्न हो गई। यहां दूर-दूर तक सिर्फ पानी ही पानी दिखाई दे रहा है। बीते रविवार को 2 लड़कों के यमुना में डूब गए थे, जिनका आजतक पता नहीं चला है। इनमें से एक पीड़ित पिता साइकिल पर ढूंढ रहा अपने बेटे को ढूंढ रहा है।
फरीदाबाद जिला प्रशासन के बाढ़ के अलर्ट के बाद यमुना किनारे के गांव महावतपुर का जायजा लिया और बढ़ रहे यमुना के जलस्तर से नुकसान का आंकलन किया। इसमें देखने पर पता चला कि यमुना का पानी खतरनाक स्तर पर चल रहा है, जिससे इलाके की हजारों एकड़ फसल पूरी तरह जलमग्न होकर तबाह हो चुकी है, तभी हमें वो शख्स मिला जिसका बेटा बीते रविवार को अपने दोस्तों के साथ यमुना किनारे पिकनिक मनाने आया था, जिसमें 2 युवक यमुना के बहाव की चपेट में आ गए और बह गए। अब पीड़ित पिता साइकिल पर अपने बेटे की तलाश में दर दर की ठोकरें खा रहा है उसे उम्मीद है कि उसका बेटा अभी जिंदा है, शायद किसी ने उसे निकाल लिया होगा।
यमुना के किनारे से दूर बसे गांव भूपानी में बाढ़ के पानी का तांडव के दृश्य दिख रहे हैं। पूरे इलाके में पानी ही पानी होने से लोग जान बचाने के लिए जद्दोजहद कर रहे हैं। लोग अपनी जान जोखिम डाल गहरे पानी के बीच से घरों से निकलकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंच रहे हैं। फरीदाबाद जिला प्रशासन ने बाढ़ का अलर्ट जारी कर रखा था यमुना किनारे बसे गांव और वहां की आबादी के लिए।
वहीं, यमुना तट से काफी दूरी पर बसे गांव भूपानी में भी बाढ़ के पानी ने अपना तांडव मचाना शुरू कर दिया है, यहां से निकलने वाले बुढ़िया नाले में यमुना के पानी ने बैक मारना शुरू कर दिया है जिससे हालात ये हो गए हैं की भूपानी गांव और इसके आसपास का इलाका पानी में पूरी तरह जलमग्न हो गया है। इलाके में 5 से 6 फीट तक पानी जमा हो गया है, लोग अपनी जान बचाने के लिए भरे हुए पानी के बीच निकल कर सुरक्षित जगहों पर जा रहे हैं।
वहीं, इन हालातों का जायजा लेने राज्यमंत्री राजेश नागर भी इलाके में पहुंचे और अधिकारियों को निर्देश भी दिए। वहीं, तिगांव विधानसभा से कांग्रेस के उम्मीदवार रोहित नागर ने भी इलाकों का दौरा किया और भाजपा पर जमकर जुबानी हमला किया।




