Bilkul Sateek News
Reporter: Pardeep Narula
Author: Pardeep Narula
गुरुग्राम पुलिस की साइबर क्राइम टीम ने लोन रिकवरी के नाम पर लोगों को परेशान करने वाले एक रिकवरी कॉल सेंटर का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने दिल्ली के मंगोलपुर इलाके में छापेमारी कर 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों पर लोगों और उनके परिवार वालों को लगातार फोन, व्हाट्सएप कॉल और मैसेज करके धमकाने, गालियां देने और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने का आरोप है।

पुलिस के मुताबिक, 22 मई 2026 को एक व्यक्ति ने साइबर अपराध थाना पूर्व, गुरुग्राम में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि कुछ लोग अलग-अलग मोबाइल नंबरों से लगातार कॉल और व्हाट्सएप मैसेज कर रहे थे। वे किसी दूसरे व्यक्ति के लोन की रिकवरी के नाम पर शिकायतकर्ता और उसके परिवार को परेशान कर रहे थे। जानकारी नहीं होने के बावजूद आरोपी अश्लील भाषा का इस्तेमाल करते रहे और धमकियां देते रहे। इतना ही नहीं, व्हाट्सएप पर निजी फोटो भेजकर डराने और स्पैम व OTP मैसेज भेजकर मानसिक दबाव बनाने की भी कोशिश की गई।
शिकायत के बाद पुलिस ने तकनीकी जांच शुरू की। जांच के दौरान 29 जून 2026 को दिल्ली के मंगोलपुर स्थित एक रिकवरी कॉल सेंटर पर छापा मारा गया, जहां से पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विनीता, सुचिता, नितेश राठौड़ उर्फ अंकित, साहिल और पवन गोला के रूप में हुई है। सभी आरोपी दिल्ली के रहने वाले हैं और उनकी उम्र 22 से 27 साल के बीच है।
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी एक थर्ड पार्टी रिकवरी कॉल सेंटर के जरिए अलग-अलग वित्तीय संस्थानों के ग्राहकों और उनके परिजनों को बार-बार कॉल और व्हाट्सएप मैसेज करते थे। पैसे वसूलने के लिए गालियां देना, धमकी देना, निजी फोटो भेजकर डराना और लगातार कॉल कर मानसिक दबाव बनाना उनका तरीका था।
फिलहाल पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। मामले की जांच जारी है और पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।




