Bilkul Sateek News
Reporter: Pardeep Narula
Author: Pardeep Narula
गुरुग्राम पुलिस ने ऑनलाइन गेमिंग और साइबर धोखाधड़ी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा करते हुए 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस की साइबर क्राइम टीम ने दिल्ली के जनकपुरी इलाके में छापेमारी कर इस कार्रवाई को अंजाम दिया।

पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अर्जुन कुमार, हर्ष, तनुज उर्फ नोनू, शोएब, समरजीत और निशांत के रूप में हुई है। सभी आरोपी दिल्ली के अलग-अलग इलाकों के रहने वाले हैं। इनके खिलाफ पहले से ही साइबर थाना मानेसर में मामला दर्ज था।
साइबर क्राइम टीम को सूचना मिली थी कि जनकपुरी के एक फ्लैट से ऑनलाइन गेमिंग और संदिग्ध वित्तीय लेनदेन का काम चल रहा है। इसके बाद पुलिस ने तकनीकी निगरानी के आधार पर रेड की। मौके पर आरोपी लैपटॉप और मोबाइल फोन के जरिए ऑनलाइन गतिविधियां संचालित करते मिले।
जांच में सामने आया कि आरोपी ऑनलाइन गेमिंग वेबसाइटों के लिए काम करते थे। सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से विज्ञापन चलाकर लोगों को गेम खेलने के लिए आकर्षित किया जाता था। खिलाड़ी वेबसाइट पर आईडी बनाकर QR कोड के जरिए पैसे जमा करते थे। इसके बाद आरोपी उनके अकाउंट में कॉइन और पॉइंट जोड़ते थे। बदले में उन्हें सैलरी और कमीशन मिलता था।
पुलिस की शुरुआती जांच में यह भी पता चला है कि आरोपियों को बैंक खातों की किट, सिम कार्ड और QR कोड एक अन्य व्यक्ति द्वारा व्हाट्सएप के माध्यम से उपलब्ध कराए जाते थे। इन्हीं संसाधनों का इस्तेमाल ऑनलाइन गेमिंग के साथ-साथ साइबर धोखाधड़ी के लिए किया जाता था।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 31 मोबाइल फोन, 9 लैपटॉप, 9 एटीएम कार्ड, 43 सिम कार्ड, 3 बैंक खातों की चेकबुक और पासबुक तथा 3 स्वाइप मशीनें बरामद की हैं।
गिरफ्तार आरोपियों को अदालत में पेश किया गया। अदालत ने निशांत और शोएब को तीन दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस अब इनके नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और पैसों के लेनदेन की जांच कर रही है।
गुरुग्राम पुलिस का कहना है कि साइबर अपराधों पर लगाम लगाने के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है और ऐसे नेटवर्क को खत्म करने के लिए विशेष अभियान चलाए जा रहे हैं।




