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गुरुग्राम, 1 जनवरी। गुरुग्राम में नए साल के स्वागत की पूर्व संध्या पर ड्रिंक एंड ड्राइव पर अंकुश के लिए लगाए गए नाके के पास नशे में गाड़ी चला रहे एएसआई ने वीआईपी पायलट गाड़ी को टक्कर मार दी। जिसमें पायलट स्कॉर्पियो क्षतिग्रस्त हो गई। सेक्टर 4-7 चौक के नाका प्रभारी ने न्यू कॉलोनी थाने में एएसआई के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई है।
खास बात ये है कि आरोपी एएसआई की कार पर अगली नंबर प्लेट नहीं मिली और पिछली नबंर प्लेट के अक्षर मिसिंग है। जबकि शहर में नंबर प्लेट टेम्परिंग पर लगातार सख्ती बरती जा रही है। जहां एक्सीडेंट हुआ, वह शहर का एक बड़ा व्यस्त जंक्शन है। जिससे एक बड़ा हादसा भी हो सकता था।
अपनी शिकायत में नाका प्रभारी ईएसआई रमेश ने बताया कि उच्च अधिकारियों के निर्देश पर नववर्ष की सुरक्षा व्यवस्था के तहत इनआक्स मॉल के पास नाका ड्यूटी लगाई गई थी। वह स्वयं नाके पर इंचार्ज के तौर पर तैनात था। उसके साथ हेड कॉन्स्टेबल संजय, पूनम, कॉन्स्टेबल सोमबीर, सुधीर, एसपीओ अजयपाल और होमगार्ड रघुबीर भी तैनात थे। नाके पर न्यू कॉलोनी रेड लाइट की ओर से आने वाले वाहनों की सघन चेकिंग की जा रही थी।
इसी बीच एएसआई बलजीत सिंह अपनी निजी सफेद रंग की वेन्यू कार लेकर नाके पर पहुंचा। उन्होंने एसपीओ अजयपाल को अपने साथ बुला लिया। करीब आधे घंटे बाद दोनों इनआक्स मॉल से बाहर निकले। बलजीत ने नाके पर ड्यूटी कर रहे हेडकांस्टेबल संजय कुमार और हंसराज को अपनी गाड़ी में बैठाया और कहा कि वे खाना खाकर आ रहे हैं।
इसके बाद एएसआई ने तेज रफ्तार से गाड़ी चलाई और सेक्टर 4-7 चौक से अचानक यू-टर्न लेकर न्यू कॉलोनी मोड़ की ओर मुड़ गया। इसी दौरान रेलवे स्टेशन की तरफ से आ रही वीआईपी पायलट स्कॉर्पियो गाड़ी से उनकी गाड़ी की जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर के बाद पायलट गाड़ी मौके पर रुक गई।
उन्होंने बताया कि टक्कर लगने पर दोनों पक्षों में बहस होने लगे। बहस सुनकर ईएसआई रमेश मौके पर पहुंचे। उन्होंने देखा कि बलजीत की वेन्यू कार की आगे की नंबर प्लेट गायब थी और वह शराब के नशे में धुत लग रहा था और उसकी आंखें लाल थीं।
इस हादसे में पायलट गाड़ी में काफी नुकसान हुआ, लेकिन बहस के बाद वह मौके से चली गई। नाका इंचार्ज ने रमेश ने एक जनवरी को आरोपी एएसआई के खिलाफ नशे में वाहन चलाने, लापरवाही से ड्राइविंग करने और दुर्घटना करने की एफआईआर दर्ज कराई।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार यह घटना इसलिए भी गंभीर है, क्योंकि नववर्ष पर ड्रंक एंड ड्राइव के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई थी और शहर भर में सघन चेकिंग अभियान चल रहा था। अपने ही पुलिसकर्मी का नशे में गाड़ी चला कर वीआईपी पायलट में टक्कर मारने पर तुरंत कार्रवाई की गई है। नियमों का पालन सभी को करना होगा। किसी को बख्शा नहीं जाएगा। यह सबक है कि नशे में वाहन चलाना कितना खतरनाक होता है, चाहे आम नागरिक हो या पुलिसकर्मी कार्रवाई की जाएगी।




